डीएसपी जिआ-उल-हक को चुकानी पड़ी ईमानदारी की कीमत

नईदिल्ली।।जिआ-उल-हकजब2009मेंप्रविन्शलपुलिससर्विसकेलिएचुनेगएतोपूरेगांवकेयुवाओंकेसपनोंमेंआंधीसीआगईथी।अपनेगांवकेएकलौतेक्लासवनऑफिसरथेजिआ-उल-हक।इनकेचुनेजानेकेबादगांवमेंउम्मीदोंकीलहरेंअपनेलयमेंथीं।इनकीहत्याकेबादजोयुवाऑफिसरबननेकेलिएदिन-रातएककरतैयारीकररहेथेआजउनकेचेहरेपरगुस्साऔरनिराशाहै।इनकेबैचमेटयादकरतेहुएबतातेहैं,'जिया-उलबेहदखुशमिजाजथा।उसकीगजलसुनकररूहरोमांचितहोजातीथी।'इनकेकॉलीगकाकहनाहैकिडीएसपीहकबेहदईमानदारऑफिसरथा।हककीपहलीपोस्टिंगबतौरसर्किलऑफिसरअंबेडकरनगरकेअलापुरमेंहुईथी।इन्होंनेउसवक्तवहांबड़ीसूझबूझकेसाथअंबेडकरकीमूर्तितोड़ेजानेकेबादफैलीहिंसाकोकाबूमेंकियाथा।यहवाकयाअप्रैल2012काहै।स्टेशनऑफिसरजयशंकरसिंहनेबतायाकिवहदेरशामतकलोगोंकेसमझानेमेंकामयाबरहे।उन्होंनेउसीवक्तदूसरीमूर्तिकेलिएपैसेभीदेदिए।अंबेडकरनगरकेबादजिया-उलकीपोस्टिंगकुंडाहुई।कुंडापोस्टिंगकेवक्तजिया-उलकीउम्र32सालहोरहीथी।कुंडाउनकीआखिरीपोस्टिंगभीसाबितहुई।अखिलेशसरकारमेंतबमंत्रीरहेराजाभैयाकेलोगोंपरइनकीहत्याकरनेकाआरोपहै।2मार्चकोप्रतापगढ़जिलेकेबलिपुरगांवमेंजिआ-उलकीहत्याकरदीगई।करीबएकमहीनापहलेजिआ-उल-हकने21जनवरीकोवेडिंगऐनिवर्सिरीमनाईथी।इनकीपत्नीपरवीनआजादडेंटलस्टूडेंटहैं।इनकीहत्याकेबादसाथमेंकामकरनेवालेकईदोस्तोंकेसाथअंबेडकरनगरकेपुलिसकर्मियोंनेएकदिनकीसैलरीपरिवारवालोंकोदेनेकाफैसलाकिया।जिआ-उलके4बड़ेभाईहैं।इन्होंनेदेवरियाजिलेकेशिवजीइंटरकॉलेजकेबादइलाहाबादयूनिवर्सिटीकेबैचलरकियाथा।इनकेपितातबदेवरियाकेएकछोटेरेस्तरांमेंकामकरतेथे।लेकिनजबहोनहारबेटाऑफिसरबनातोपितानेयहजॉबछोड़दी।जिआ-उलऑफिसरबननेकेबादभीअपनीजमीनसेजुड़ेरहे।वहबेहदसादाजीवनपसंदकरतेथे।इनकीपत्नीयादकरबतातीहैंकिवहकभीभीराजाभैयाकेकुंडादरबारमेंनहींगए।शिवजीइंटरकॉलेजकेप्रिंसिपलआलोकरायनेबतायाकिहकअपनेगांवमेंएकहॉस्पिटलबनानाचाहतेथे।आलोकनेबतायाकिउन्होंनेकईनिजीबातेंमुझसेशेयरकीथी।जिआ-उलअपनीपत्नीकीमेडिकलपढ़ाईपूरीहोतेहीइसकामकोकरनाचाहतेथे।जिआ-उल-हककासपनानहींपूराहुआलेकिनउनकेगांवमेंऐसेकईसपनेपलरहेहैं।

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