जीवन रक्षक दवाओं की कमी से जूझ रहा अस्पताल

बलरामपुर:सूबेकीसरकारभलेहीदवाओंकीखरीदपरप्रतिवर्षलाखोंरुपयेखर्चकररहीहोलेकिनइसकालाभजरूरतमंदोंकोनहींमिलपारहाहै।जंगलसेसटेगुगौलीवआसपासगांवकेलोगोंकोप्राथमिकउपचारकेलिएनिजीचिकित्सकोंकेपासजानापड़ताहै।गांवमेंस्थितअतिरिक्तप्राथमिकस्वास्थ्यकेंद्रमेंचिकित्सककीतैनातीनहींहै।जीवनरक्षकदवाओंकाभीअभावहै।सांपवकुत्ताकाटनेकाइंजेक्शननहींहै।मरीजोंको13किलोमीटरचलकरसीएचसीशिवपुराकासफरतयकरनापड़ताहै।ऐसेमेंमरीजोंकीजानपरबनीरहतीहै।हरैय्याबाजारकेउतरीछोरपरजंगलसेसटेगांवगुगौलीमेंबनेइसअस्पतालमेंचिकित्सकनहींहै।बुधवारकोफार्मासिस्टदीपचंदसैनीमरीजदेखरहाथा।वार्ड़ब्वायपारसराममरीजोंकोदवावितरणकरताहुआमिला।सीमा,शीला,बड़कावसुमननेबतायाकिजुकाम,बुखारवखांसीकीदवाएंभीनहींमिलरहीहै।सांपडंसनेवकुत्ताकाटनेवालेमरीजोंकोगेटसेहीलौटादियाजाताहै।छेदी,रामूवकमरजहांकाकहनाहैकिअस्प्तालमेंलगाहैंडपंपतीनसालसेखराबहै।टंकीभीयांत्रिकदोषसेखराबबताईजारहीहै।जिससेउनलोगोंकोदवाएंखानेकेलिएपानीकीतलाशमेंहोटलोंतकजानापड़ताहै।सीएमओडॉ.घनश्याम¨सहकाकहनाहैकिशीघ्रहीअस्पतालकानिरीक्षणकरकमियोंकोदूरकरायाजाएगा।चिकित्सककेआतेहीअस्पतालमेंतैनातीकीजाएगी।

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