राला में हर दिन शिक्षक का इंतजार करते है बच्चे

जासं,कौशांबी:कोखराजकेनिकटकेगांवरालामेंराजकीयउच्चीकृतहाईस्कूलकईसालपहलेशुरूकियागयाथा।यहांपरदोशिक्षिकाओंकीतैनातीभीहै,लेकिनवहपढ़ानेनहींआतीहैं।इसलिएयहांकेबच्चोंकीसंख्याभीदर्जनभरभीनहींपहुंचपाईहै।हालतयहहैकिजोबच्चेहैंभीउन्हेंशिक्षककेआनेकाइंतजाररहताहै।यहीहालरहातोवहबच्चेभीकुछदिनमेंदूसरेस्कूलमेंनामलिखवालेंगे।फिलहालइसस्कूलपरप्रदेशसरकारलाखोंरुपयेखर्चकररहीहै।

गांवमेंआठतककीशिक्षालेनेकेबादछात्रोंकोभटकनानपड़े,इसलिएग्रामीणक्षेत्रोंमेंहाईस्कूलतककीशिक्षाकेलिएराजकीयविद्यालयखोलेगएहैं।हालांकिशिक्षकोंकीलापरवाहीकेचलतेछात्रोंकोइसकालाभनहींमिलपारहाहै।सोमवारकोजागरणटीमनेकोखराजक्षेत्रकेरालागांवस्थितराजकीयउच्चीकृतहाईस्कूलकीपड़तालकी।करीबसवा11बजेवहांपरटीमपहुंचीतोवहांतैनातप्रधानाध्यापिकाप्रतिभारानीशर्मावसहायकअध्यापिकासवितात्रिपाठीनहींथी।विद्यालयमेंपंजीकृतसातछात्र-छात्राओंमेंसेतीनएककमरेमेंबैठकरपढ़ाईकररहेथे।बातचीतकेदौरानउन्होंनेबतायाकिसहायकअध्यापिकाकरीबएकमाहसेविद्यालयनहींआरहीहैं।प्रधानाध्यापिकामाहमेंएकयादोदिनहीविद्यालयआतीहैं।अन्यदिनोंमेंजूनियरविद्यालयकेशिक्षकउनकोकुछबतादेतेहैं।समस्याहोनेपरउसकासमाधानभीकरतेहैं।विद्यालयकाखुदकाभवननिर्माणाधीनहै।ऐसेमेंवहगांवकेपूर्वमाध्यमिकविद्यालयकेएककमरेमेंकक्षाएंसंचालितहोरहीहै।शिक्षकोंकीमनमानीकेचलतेबच्चोंकाभविष्यअधरमेंहै।इससंबंधमेंडीआइओएससत्येंद्रकुमारसेजानकारीलेनीचाहीलेकिनउनकाफोनरिसीवनहींहुआ।

ग्रामीणकरचुकेहैंशिकायत

छात्राओंनेबतायाकिस्कूलमेंकोईपढ़ानेवालानहींहै।ऐसेमेंउनकेपरिवारकेलोगोंनेशिकायतकीथीलेकिनइसकाशिक्षिकाओंपरकोईप्रभावनहींहुआ।आजभीवहविद्यालयनहींआती।इससेउनकीपढ़ाईप्रभावितहोरहीहै।

राजकीयविद्यालयोंमेंशिक्षकोंकीउपस्थितिकीचे¨कगकेलिएडीआइओएसकोनिर्देशदियागयाहै।अगरवहइसमेंलापरवाहीकररहेहैंतोउनकेखिलाफकार्रवाईकीजाएगी।वहींलापरवाहशिक्षकोंपरभीकार्रवाईकीजाएगी।

-मनीषकुमारवर्मा,डीएम

Previous post International Women Day: अंतरर
Next post 34 साल की महिला ने 25 वर्षीय य